Maulatuna Fatema AS Original Qubba Mubaraka

मुमिनीन से गुज़ारिश है कि वे इस मुबारक मीकात पर मजलिस में हाज़िर होने की कोशिश करे और यह अमल करें.

  • मौलातोना फतेमतुज़ ज़हरा का कसीदा जो सैयदना ताहेर सैफुद्दीन (री.अ.) ने तसनीफ फरमाया है, उसकी तिलावत करे.
  • शेहज़ादी डॉ. बज़त ताहेरा बाईसाहेबा के सलाम की तिलावत करे.
  • सैयदना ताहेर फखरुद्दीन त.उ.श. का मौलतोना फातेमा की शहादत का बयान (१४३८ हि.) सुनें.

सिजिल्ल क्रं. ५५ का लेख, फातेमी दावत, फातेमी दाई पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे. इस लेख में इस विषय पर व्याख्या की गई है कि क्यों अइम्मत व दोआत ने अपनी दावत की पहचान मौलातोना फातेमा (स.अ.) के नाम से की. इसके अलावा मौलातोना फातेमा (अ.स.) ने रसुलुल्लाह (स.अ.व.) के वफात के बाद जो खुतबा पढ़ा था, वह अंग्रेज़ी तर्जुमे के साथ FatemiDawat.com पर पेश किया गया है.